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Dr. Harsh J Shah

Achalasia का इलाज manometry से तय होता है

अहमदाबाद और गांधीनगर में achalasia का इलाज · Dr Harsh Shah · Food Pipe Surgeon · Apollo Hospital, Bhat, Gandhinagar और Gota OPD, अहमदाबाद

Achalasia का इलाज manometry देखकर चुना जाता है. सबसे पहले endoscopy से यह पक्का किया जाता है कि वाल्व के पास कोई गाँठ achalasia जैसी तो नहीं दिख रही; फिर high-resolution manometry subtype बताती है — classic, pressurised या spastic. Fit मरीज़ में classic और pressurised subtype के लिए POEM और partial wrap वाला laparoscopic Heller myotomy बराबर असरदार हैं, और graded balloon dilation बिना operation का विकल्प है. Spastic subtype में POEM चुना जाता है, क्योंकि उसका कट spastic हिस्से तक बढ़ाया जा सकता है. गोलियाँ और botulinum toxin सिर्फ़ अस्थायी उपाय हैं, उन मरीज़ों के लिए जो procedure नहीं करा सकते. कोई इलाज नली की लहर वापस नहीं लाता; हर इलाज वाल्व खोलता है — और रात में खाना लौटने की परेशानी यहीं से कम होती है.

Dr Harsh Shah कौन हैं

Dr Harsh Shah, food pipe surgeon, अहमदाबाद

Shah’s Gastro, Cancer & Robotic Surgery Centre

Dr Harsh Shah
MS, MCh (Surgical Gastroenterology), DrNB (Surgical Gastroenterology)
Registered with Gujarat Medical Council, Reg. No. G-38738
Food Pipe Surgeon
· Apollo Hospital, Bhat, Gandhinagar · Gota OPD, अहमदाबाद

Dr Harsh Shah को भोजन नली और आमाशय की surgery का 18 साल का अनुभव है, और वे surgical gastroenterology में दो बार qualified हैं. Apollo Hospital, Bhat में achalasia के इलाज की पूरी सीढ़ी एक ही जगह है — endoscopy, high-resolution manometry, timed barium, balloon dilation, POEM और laparoscopic Heller myotomy — इसलिए इलाज manometry देखकर चुना जाता है, इस बात से नहीं कि कौन सी सुविधा हाथ में है. Achalasia में सबसे ज़्यादा इत्मीनान से बात करने लायक हिस्सा यही चुनाव है. Gota clinic पर Google rating 4.89, 216 reviews से; Apollo, Bhat listing पर 4.94, 17 reviews से.

Achalasia के प्रकार क्यों मायने रखते हैं?

Achalasia भोजन नली (food pipe) की मांसपेशी की बीमारी है. नीचे के सिरे पर जो वाल्व है — lower oesophageal sphincter — वह निगलते समय खुलता नहीं, और ऊपर की नली खाने को लहर की तरह आगे धकेलना बंद कर देती है. इसलिए खाना और पानी दोनों वाल्व के ऊपर रुक जाते हैं. हर इलाज इसी वाल्व को खोलता है; कोई भी इलाज नली की धकेलने वाली लहर वापस नहीं लाता. वाल्व खोलने के लिए कौन सा इलाज सबसे ठीक बैठेगा, यह manometry के subtype पर निर्भर है — और यह page उसी फ़ैसले के बारे में है.

पहचान के संकेत: खाना और पानी दोनों अटकना — साधारण सिकुड़न में पहले सिर्फ़ रोटी-चावल अटकते हैं, पानी नहीं; बिना पचा, खट्टा न लगने वाला खाना वापस आना, अक्सर रात में लेटने पर; सीने में दर्द, ख़ासकर spastic प्रकार में; antacid से न जाने वाली जलन, जिसे सालों तक “GERD” कहा जाता रहा; और वज़न घटना. कई मरीज़ रात में खाँसी से जागते हैं, क्योंकि रुका हुआ खाना सांस की नली की ओर आ जाता है.

कौन-सी जाँच, किस क्रम में?

हर मरीज़ में सबसे पहले endoscopy, और उसके बाद ही motility की बीमारी का नाम. High-resolution manometry निदान करती है और subtype बताती है. Timed barium swallow दिखाता है कि नली कितनी खाली होती है — और इलाज के बाद का नतीजा भी इसी से नापा जाता है. Manometry का subtype जाने बिना इलाज plan नहीं होता.

क्रमजाँचयह क्या बताती है
पहलेUpper GI endoscopyआमाशय के मुँह के पास कोई गाँठ या सिकुड़न achalasia जैसी तो नहीं दिख रही? अंदर की परत कैसी है? शक वाली जगह की biopsy, और ज़रूरत हो तो contrast CT और endoscopic ultrasound — motility का नाम देने से पहले
दूसरेHigh-resolution manometryख़ुद निदान: वाल्व खुलता है या नहीं, और लहर है या नहीं. Subtype — classic, pressurised या spastic — तय होता है, जो इलाज की दिशा तय करता है
तीसरेTimed barium swallowकुछ मिनट बाद barium का स्तंभ कितना ऊँचा खड़ा है — इलाज से पहले खाली होने का नाप, और बाद में सबसे भरोसेमंद monitor
साथ मेंलक्षणों का score, ख़ून की जाँच, पोषण की जाँचनिगलने की तकलीफ़, खाना लौटना, सीने का दर्द और वज़न कितना गंभीर है; पोषण पहले सुधारना होगा या नहीं; और operation हो तो anaesthesia के लिए fitness
ज़रूरत पड़े तभीFLIP panometryManometry साफ़ न हो या मरीज़ सह न पाए, तब वाल्व का अतिरिक्त नाप — रोज़ की जाँच नहीं

अगर वज़न बहुत घट गया हो या खाना लगभग छूट गया हो, तो पक्के इलाज से पहले dietitian और कुछ समय का पोषण — बाद में नहीं.

Achalasia या वाल्व के पास गाँठ: फ़र्क़ कैसे?

भोजन नली और आमाशय के जोड़ पर cancer लक्षणों में, barium में और manometry में भी achalasia जैसा दिख सकता है. इसे pseudoachalasia कहते हैं. छोटी history, तेज़ी से घटता वज़न और पचास साल से ज़्यादा उम्र हो तो इसका शक रखा जाता है, और achalasia के किसी भी इलाज से पहले endoscopy और biopsy से, ज़रूरत पड़े तो CT और endoscopic ultrasound से, इसे नकारा जाता है.

क्या दिखता हैकिस ओर इशाराआगे क्या
लंबी history, खाना-पानी दोनों अटकें, चौड़ी हुई नली जिसमें से endoscope आसानी से निकल जाएअसली achalasia — benign motility की बीमारीManometry, subtype, और नीचे दी गई इलाज की सीढ़ी
छोटी history, तेज़ वज़न घटना, ज़्यादा उम्र, endoscope न निकल पाए, या परत असामान्य लगेAchalasia जैसी दिखने वाली गाँठकुछ भी करने से पहले biopsy, contrast CT और endoscopic ultrasound; cancer पक्का हो तो उसका इलाज बिल्कुल अलग रास्ते से
लहर है पर वाल्व पूरा नहीं खुलताAchalasia नहीं, outflow obstructionBarium या FLIP से पक्का करके, नतीजा साफ़ हो और लक्षण काफ़ी हों तभी इलाज

इलाज के बाद भी यह सावधानी चलती रहती है. लंबे समय के achalasia में भोजन नली की परत के cancer का छोटा, जीवन भर का जोखिम रहता है — इलाज कोई भी हुआ हो, कितने भी साल बीत गए हों. इसलिए निगलने में कोई भी नई या बदली हुई तकलीफ़, कभी भी, तो endoscopy — यह मान लेना ठीक नहीं कि पुरानी तकलीफ़ लौट आई है.

गोली से operation तक इलाज का क्रम

Achalasia का इलाज अस्थायी उपायों से पक्के उपायों तक चलता है. गोलियाँ और botulinum toxin का injection कुछ समय राहत देते हैं, पर टिकते नहीं; graded balloon dilation, POEM और laparoscopic Heller myotomy — ये तीन पक्के इलाज हैं. Fit मरीज़ को हमेशा के लिए अस्थायी उपायों पर नहीं रखा जाता.

सीढ़ीयह क्या हैकहाँ ठीक बैठता है
गोलियाँखाने से पहले nitrate या calcium-channel blockerकमज़ोर और थोड़ी देर का असर, BP गिरने से सीमित — आख़िरी उपाय या बीच का पुल
Botulinum toxin injectionEndoscope से वाल्व में injectionकमज़ोर या operation के लिए unfit मरीज़ के लिए, या trial के तौर पर; असर कुछ महीनों में उतर जाता है, और बार-बार के injection उस परत पर निशान छोड़ते हैं जहाँ बाद में myotomy करनी हो — इसलिए पक्के इलाज की ओर जाने वाले मरीज़ में इससे बचा जाता है
Graded balloon dilationBalloon से वाल्व को चरणों में, अलग-अलग sessions में चौड़ा करना — एक ही बार में पूरा खिंचाव कभी नहींबिना operation का विकल्प, जहाँ दोहराया जा सके और ख़र्च मायने रखे या मरीज़ यही चाहे; सिर्फ़ वहीं जहाँ फटने पर उसी दिन imaging और repair हो सके
POEMPer-oral endoscopic myotomy: परत के नीचे tunnel बनाकर अंदर से मांसपेशी काटना — त्वचा पर कोई चीरा नहींSpastic subtype और spastic बीमारी में ख़ास पसंद, क्योंकि कट spastic हिस्से जितना लंबा रखा जा सकता है
Laparoscopic Heller myotomy और partial fundoplicationदूरबीन से बाहर से मांसपेशी काटना, और reflux के ख़िलाफ़ आधी wrap (Dor या Toupet)Classic और pressurised subtype में POEM जितना ही असरदार; wrap operation का हिस्सा है, अतिरिक्त नहीं

POEM या Heller myotomy: चुनाव कैसे होता है?

Fit मरीज़ में classic और pressurised subtype के लिए POEM और partial wrap वाला laparoscopic Heller myotomy बराबर काम करते हैं, और फ़ैसला reflux, शरीर की बनावट और मरीज़ की अपनी प्राथमिकता पर टिकता है. Spastic subtype में POEM चुना जाता है, क्योंकि उसका कट पूरे spastic हिस्से जितना लंबा किया जा सकता है. Heller नाकाम रहा हो तो POEM पीछे की अनछुई दीवार इस्तेमाल कर सकता है; POEM नाकाम रहा हो तो दोबारा POEM या Heller संभव है.

स्थितिआम तौर पर पसंदक्यों
Classic या pressurised subtype, fit मरीज़POEM या partial wrap वाला laparoscopic Heller — दोनों बराबर असरदारHeller में reflux के ख़िलाफ़ wrap अंदर ही है; POEM में पेट पर चीरा नहीं, पर wrap भी नहीं
Spastic subtype, या गोली से न सुधरने वाली spastic बीमारीलंबे, नाप के हिसाब से किए myotomy के साथ POEMकट नली में ऊपर तक spastic हिस्से तक पहुँचता है, जहाँ नीचे से होने वाला Heller नहीं पहुँचता
Operation न कराने की इच्छा, या ख़र्च और दोहराने की सुविधा अहमGraded balloon dilationदोबारा dilation शुरू से plan का हिस्सा है, नाकामी नहीं
कमज़ोर या anaesthesia के लिए unfitगोलियों के साथ botulinum toxinबिना operation राहत, यह मानते हुए कि दोहराना पड़ेगा
बहुत चौड़ी, मुड़ी हुई (sigmoid) नलीपहले myotomy; नली निकालना सिर्फ़ उस “जली हुई” नली में जो खाली ही न होTeam का फ़ैसला, जल्दबाज़ी में कभी नहीं
पहले के Heller या POEM के बाद लक्षण लौटेपहले फिर से manometry, barium और endoscopy; फिर नतीजे के हिसाब से POEM, dilation या Hellerदोबारा इलाज से पहले कसी हुई wrap या reflux से बनी सिकुड़न को नकारना ज़रूरी

Reflux पर एक बात अलग से, क्योंकि POEM के बाद यही सबसे आम मुद्दा है और अक्सर चुपचाप रहता है. Achalasia वाली नली acid को ठीक से महसूस नहीं करती, इसलिए POEM के बाद का reflux सिर्फ़ लक्षणों से नहीं, follow-up में endoscopy से जाँचा जाता है, और अक्सर लंबे समय तक antacid की गोली चाहिए होती है. जीवन भर गोली लिख देने के बजाय जाँच करना — यहाँ यही तरीका है.

Procedure या operation की ज़रूरत कब नहीं है

Manometry की हर गड़बड़ी को procedure की ज़रूरत नहीं. लहर बची हुई हो ऐसा outflow obstruction दूसरी जाँच से पक्का हो और लक्षण काफ़ी हों, तभी इलाज पाता है. Spastic बीमारी में पहले acid कम करने की trial और मांसपेशी ढीली करने वाली गोलियाँ. गर्भावस्था में पक्का इलाज टाला जाता है. और कमज़ोर मरीज़ में botulinum toxin और गोलियाँ ही लंबे समय का सही जवाब हो सकती हैं.

इन बीमारियों में ज़रूरत से ज़्यादा इलाज का ख़तरा असली है, इसलिए एक ही tracing के भरोसे outflow obstruction में dilation नहीं किया जाता. Spastic बीमारी में reflux ख़ुद spasm पैदा कर सकता है, इसलिए पहले acid कम करने की दवा, फिर मांसपेशी ढीली करने वाली दवा; POEM तभी जब दवाएँ काम न करें और manometry से पक्का हो.

हर procedure में क्या होता है

Laparoscopic Heller myotomy में दूरबीन के छोटे चीरों से वाल्व पर और आमाशय के ऊपरी हिस्से पर की मांसपेशी काटकर आधी wrap बनाई जाती है; POEM में वही मांसपेशी अंदर से, परत के नीचे की tunnel से काटकर अंदर जाने की जगह clips से बंद की जाती है; balloon dilation में day-care के तौर पर वाल्व चरणों में चौड़ा किया जाता है. तीनों से पहले एक-दो दिन तरल खाना और साफ़ की हुई नली.

Laparoscopic Heller myotomy. नली के निचले हिस्से से आमाशय तक मांसपेशी काटकर reflux के ख़िलाफ़ partial wrap सिली जाती है. Operation में ही air-leak test होता है; परत में छोटा छेद हो जाए तो वहीं repair करके wrap से ढक दिया जाता है.

POEM. Endoscope से परत में छोटा मुँह, उसके नीचे tunnel, और subtype के हिसाब से तय लंबाई तक मांसपेशी काटना — spastic प्रकार में लंबा. हवा की जगह CO₂ इस्तेमाल होती है, और मुँह clips से बंद होता है. Wrap न होने से reflux का follow-up पहले दिन से plan में होता है.

Graded balloon dilation. Day care; बाद में सीने में दर्द, बुख़ार या तेज़ धड़कन हो तो घर जाने से पहले तुरंत contrast study.

सहमति देने से पहले हर मरीज़ इन complications के बारे में सुनता है:

  • bleeding
  • infection
  • पैर या फेफड़े में clot
  • heart और anaesthesia की complications
  • खाना फेफड़ों में जाना
  • परत में छेद, जो आम तौर पर वहीं पहचान कर बंद होता है
  • बाद में पता चलने वाला leak, जो गंभीर है और तुरंत इलाज माँगता है
  • POEM के दौरान gas का पेट या छाती में जाना
  • reflux, POEM के बाद चुपचाप reflux समेत
  • सालों बाद निगलने की तकलीफ़ लौटना
  • balloon dilation में नली फटे तो emergency operation और दोबारा dilation की ज़रूरत
  • Heller में open operation में बदलना
  • जान का जोखिम

Dr Harsh Shah सहमति से पहले हर बात ख़ुद समझाते हैं, आपके subtype, उम्र और पहले के इलाज पर लागू होने वाले आँकड़ों के साथ — वे आम आँकड़े नहीं हैं और page पर नहीं लिखे जाते.

Heller's myotomy के बाद मरीज़ का अनुभव

Achalasia cardia के लिए Heller’s cardiomyotomy कराने वाले एक मरीज़ operation के बाद फिर से निगल पाने की बात अपने शब्दों में बताते हैं.

इलाज कैसे आगे बढ़ता है

  1. Consultation book करें. हर endoscopy की report और photos, manometry का tracing, barium की films disc पर, पहले के dilation या injection के discharge papers, और चल रही दवाएँ साथ लाएँ.
  2. जाँच और इलाज का plan. हाल में न हुई हो तो endoscopy, high-resolution manometry, timed barium और लक्षणों का score; subtype तय होता है, और dilation, POEM या Heller की तुलना आपके लिए ख़ास तौर पर होती है.
  3. Procedure. एक-दो दिन तरल खाना, नली साफ़, और anaesthetist को बताया जाता है कि चौड़ी नली को भरे पेट की तरह माना जाए. Balloon dilation day care है; POEM और Heller में भर्ती होना पड़ता है.
  4. अस्पताल में छोटा ठहराव. उसी दिन बिस्तर से उठना; ज़रूरत हो तो अगले दिन contrast swallow; फिर एक-दो दिन में घूँट, तरल और नरम खाना, और तरल-नरम खाना आराम से उतरे तो घर.
  5. Follow-up और पूरा भरना. चार-छह हफ़्ते पर review; तीन-छह महीने पर लक्षणों का score और timed barium; POEM के बाद एक साल पर reflux के लिए endoscopy, फिर हर एक-दो साल; और निगलने में बदलाव हो तो कभी भी endoscopy.

ख़र्च, insurance और admission

Achalasia का इलाज Apollo Hospital, Bhat में cashless health insurance, CGHS और corporate schemes में, policy की शर्तों के अनुसार, कवर होता है. Estimate को क्या बदलता है: कौन सा procedure चुना गया, day care है या भर्ती, कौन सी जाँचें पहले से हो चुकी हैं, और अतिरिक्त रातें. आम आँकड़ा बताने के बजाय आपकी policy के लिए लिखित estimate बनाया जाता है.

Pre-authorisation अस्पताल का insurance desk करता है, Dr Harsh Shah के office की manometry के निदान और plan किए procedure वाली note के साथ. पहले botulinum toxin के injection लिए हों तो उनकी तारीख़ें ज़रूर लाएँ — myotomy के plan में यह अहम है.

मरीज़ क्या कहते हैं

★★★★★

“Excellent experience under Dr Harsh shah he is very nice person,good treatment, best explained everything very nice 👍 Best Doctor in the Apollo hospital for achalasia cardia.Dr harsh shah is best laparoscopic surgery expert in Ahmedabad Gujarat. Thank u so much sir. — Prajwal Roat, Google review, Gota clinic listing”

★★★★★

“Excellent doctor. I have undergone Surgery for toupet fundoplication with harsh Shah doctor. Sir has given good treatment for early recovery. Treating patients very friendly. — Ravi Bob, Google review, Gota clinic listing”

★★★★★

“Dr. Harsh and his team at Apollo Gandhinagar bring excellence to execution and a patient centric approach. They proactively plan in detail and stretch the last mile surprising with meticulous planning and follow up. My robotic surgery was well explained and outcomes and recovery were even better than explained in advance. Much obliged. MK — Coffe Muske, Google review, Gota clinic listing”

Dr Harsh Shah की दोनों Google listings के असली reviews, जैसे लिखे गए वैसे ही।

अक्सर पूछे जाने वाले प्रश्न

क्या दूरबीन से ही हो जाएगा, या बड़ा operation करना पड़ेगा?

Achalasia के तीनों पक्के इलाज में बड़ा चीरा नहीं लगता. POEM मुँह से endoscope द्वारा होता है, Heller दूरबीन से पेट पर छोटे चीरों से, और balloon dilation endoscope से day care में. नली निकालना सिर्फ़ बहुत चौड़ी, खाली न होने वाली नली में, team के फ़ैसले से.

Operation के बाद क्या रात को खाना वापस आना बंद हो जाएगा?

ज़्यादातर मरीज़ों में वाल्व खुलने के बाद खाना नीचे उतरने लगता है और लौटना काफ़ी कम हो जाता है. फिर भी कोई इलाज नली की लहर वापस नहीं लाता, इसलिए अच्छी तरह चबाना, खाने के साथ पानी पीना और खाने के बाद सीधा बैठना — ये आदतें बनी रहती हैं.

POEM और Heller में से मेरे लिए कौन सा ठीक है?

Classic और pressurised subtype में दोनों बराबर असरदार हैं; चुनाव reflux, पहले के इलाज और आपकी प्राथमिकता से होता है. Spastic subtype में POEM चुना जाता है, क्योंकि उसका कट spastic हिस्से तक लंबा किया जा सकता है. ज़्यादातर फ़ैसला manometry करती है.

POEM के बाद जलन न हो तो भी endoscopy क्यों?

POEM में reflux रोकने वाली wrap नहीं होती, और achalasia वाली नली acid को ठीक से महसूस नहीं करती. इसलिए reflux बिना लक्षण के भी हो सकता है. Follow-up की endoscopy उसे जल्दी पकड़ लेती है, जब वह सिर्फ़ गोली से संभल जाता है.

Balloon dilation के बाद दोबारा कराना पड़े तो क्या इलाज नाकाम हुआ?

नहीं. Graded dilation में कुछ मरीज़ों को दोबारा dilation की ज़रूरत पड़ती है, और यह शुरू से plan का हिस्सा माना जाता है.

क्या achalasia से cancer हो सकता है?

Achalasia ख़ुद benign है. पर लंबे समय के achalasia में भोजन नली की परत के cancer का छोटा, जीवन भर का जोखिम रहता है. इसलिए निगलने में कोई भी नया बदलाव हो तो endoscopy कराएँ.

Dr Harsh Shah से कहाँ मिलें

Shah’s Gastro, Cancer & Robotic Surgery Centre
Gota, अहमदाबाद, गुजरात

Google rating 4.89, 216 reviews

रास्ता देखें

Apollo Hospital
Bhat, गांधीनगर, गुजरात

Google rating 4.94, 17 reviews

रास्ता देखें

Dr Harsh Shah दो जगह मिलते हैं: Gota, अहमदाबाद का clinic, और Bhat, गांधीनगर का Apollo Hospital.

पूरे गुजरात से और राजस्थान, मध्य प्रदेश से मरीज़ Dr Harsh Shah के पास आते हैं। Manometry, procedure और पहला review यहाँ होता है; बाद के लक्षणों के review अक्सर घर के पास हो सकते हैं, और POEM के बाद की सालाना endoscopy यहाँ plan होती है।

रात को सोते समय खाना वापस मुँह में आ जाता है, तकिये पर दाग़ मिलते हैं, और पानी भी गले में अटकता है? Endoscopy की report, manometry का tracing या barium की films appointment से पहले भेजी जा सकती हैं, ताकि consultation पढ़ी हुई reports के साथ शुरू हो; इलाज कौन सा होगा, यह consultation में, जाँच के बाद तय होता है. Call +91-63555-64601 · Reports WhatsApp पर पहले भेजें

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Dr. Harsh J Shah
Dr Harsh Shah - Surgical Gastroenterologist and GI Robotic Surgeon, Ahmedabad
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