Skip to main contentअहमदाबाद और गांधीनगर · Dr Harsh Shah, Liver Surgeon
Liver में कोई गाँठ या पानी भरा हिस्सा दिखे, इसका मतलब यह नहीं कि तुरंत सुई लगानी है। Sonography या CT पर लगभग एक जैसे दिखने वाले तीन अलग रोग हैं — pyogenic liver abscess, amoebic liver abscess और hydatid cyst — और तीनों का इलाज अलग है। Amoebic abscess ज़्यादातर सिर्फ़ गोलियों से ठीक हो जाता है। Pyogenic abscess में pus निकालना और antibiotic का लंबा course पूरा करना पड़ता है। Hydatid cyst का इलाज sonography के stage से तय होता है, और उनमें से दो stage में कुछ भी नहीं करना होता — सिर्फ़ जाँच चलती रहती है। सबसे बड़ी गलती यही है कि कौन सा रोग है यह तय होने से पहले ही drain कर दिया जाए।

Shah’s Gastro, Cancer & Robotic Surgery Centre
Dr Harsh Shah
MS, MCh (Surgical Gastroenterology), DrNB (Surgical Gastroenterology)
Registered with Gujarat Medical Council, Reg. No. G-38738
Liver Surgeon
· Apollo Hospital, Bhat, Gandhinagar · Gota OPD, Ahmedabad
Surgical gastroenterology में दो बार qualified. Liver abscess और hydatid disease में surgeon का सबसे काम का गुण संयम है — किस गाँठ को छूना ही नहीं, किसमें त्वचा के रास्ते drain डालना, और किसमें सचमुच operation चाहिए. Dr Harsh Shah इन रोगों को पहले infection और parasite का रोग मानकर जाँचते हैं. Gota listing पर Google rating 4.89, 216 reviews; Apollo, Bhat listing पर 4.94, 17 reviews.
पूरा काम इन तीनों को अलग करने का है, और वह ज़्यादातर मरीज़ की history और दो blood test से होता है, तस्वीर से नहीं। यह गलत हुआ तो जिसे सिर्फ़ गोली चाहिए थी उसका drain हो जाता है, या जिसमें pus निकालना ज़रूरी था उसे सिर्फ़ गोली मिलती है।
| क्या देखना है | Pyogenic abscess | Amoebic abscess | Hydatid cyst |
|---|---|---|---|
| किसे होता है | बड़ी उम्र, diabetes, पित्त की पथरी या bile duct की तकलीफ़ | कम उम्र, ज़्यादातर पुरुष, शराब | गाँव का परिवेश, मवेशी या कुत्ते का संपर्क |
| शुरुआत कैसी | कुछ दिनों में, sepsis के साथ | दिनों-हफ़्तों में, कम septic | महीनों-सालों में, कई बार संयोग से पकड़ में |
| संख्या और जगह | कई बार एक से ज़्यादा, दोनों lobe में | आम तौर पर एक, दाहिना lobe, डायाफ़्राम के नीचे | एक या कई, दोनों lobe में |
| अंदर से क्या निकलता है | Pus | गाढ़ा भूरा द्रव, culture में कुछ नहीं आता | साफ़ पानी, membrane, daughter cysts |
| फ़ैसला करने वाली जाँच | Blood और aspirate culture | Amoebic serology | Echinococcus serology, sonography staging |
| इलाज | Antibiotic, साथ में ज़्यादातर drainage | Metronidazole; drain की ज़रूरत आम तौर पर नहीं | Sonography के stage से |
भारत में दो बातें बाहर की किताबों से ज़्यादा मायने रखती हैं। Amoebic abscess यहाँ आम है और दवा से ठीक होने वाला रोग है, इसलिए हर liver abscess में amoebic serology करा लेना सस्ता पड़ता है और पूरा इलाज बदल देता है। और hydatid disease इस इलाके में बहुत होता है, इसलिए sonography की staging यहाँ रोज़ काम आने वाला औज़ार है, कोई दूर की किताबी बात नहीं।
पहले sonography, फिर ब्यौरे के लिए contrast CT, और दो ख़ास blood test — amoebic serology, और गाँठ cystic लगे तो Echinococcus serology। यह क्रम औपचारिकता नहीं है: serology से पहले सुई लगाने पर एक hydatid cyst छोटी तकलीफ़ से बड़ी तकलीफ़ बन सकती है।
Sonography पहले सवालों के जवाब देती है — गाँठ है या नहीं, कितनी, कहाँ, और अंदर pus जैसा है या membrane वाली cyst। फिर contrast CT उसका स्वरूप, bile duct और खून की नलियों से रिश्ता दिखाती है। Blood test में CBC, inflammatory markers, liver और kidney function, clotting और sugar के साथ HbA1c — क्योंकि pyogenic abscess के पीछे कई बार diabetes होता है। जो मरीज़ septic लगे, उसमें antibiotic शुरू करने से पहले blood culture लिया जाता है; पहली खुराक के बाद जीवाणु पहचानना बहुत मुश्किल हो जाता है। और pyogenic abscess का कारण न मिले तो bile duct और बड़ी आँत, दोनों जाँची जाती हैं — इसकी वजह नीचे लिखी है।
Amoebic liver abscess का इलाज metronidazole या tinidazole है, और ज़्यादातर मामलों में drain के बिना ठीक हो जाता है। उसके बाद आँत में बचे parasite को निकालने के लिए दूसरी गोली लेनी पड़ती है — यही क़दम सबसे ज़्यादा भूला जाता है, और abscess के दोबारा होने की सबसे बड़ी वजह भी यही है।
Amoebic abscess में drain सिर्फ़ ख़ास हालात में — बाएँ lobe की बड़ी abscess जो दिल के आसपास की झिल्ली के पास हो, फूटने की कगार पर हो, कुछ दिन metronidazole देने पर भी फ़र्क़ न पड़े, निदान पक्का न हो, या गाँठ बहुत बड़ी हो। बाक़ी मामलों में सुई से जोखिम बढ़ता है, फ़ायदा नहीं।
Pyogenic abscess में pus बाहर निकालना और antibiotic का पूरा course — दोनों ज़रूरी। और वह drainage लगभग हमेशा sonography या CT के मार्गदर्शन में त्वचा के रास्ते होता है, operation से नहीं। बड़ी गाँठ में catheter रखा जाता है; छोटी में सुई से निकाल लिया जाता है।
Antibiotic पहले broad दिया जाता है — blood culture लेने के बाद — और फिर culture में जो जीवाणु आए उसके हिसाब से सीमित किया जाता है। Course हफ़्तों का होता है, दिनों का नहीं, और बीच में बंद करना ही abscess के लौट आने की सबसे बड़ी वजह है। निकाला हुआ pus Gram stain और aerobic-anaerobic culture के लिए भेजा जाता है, और तस्वीर बैठे तो TB और fungal जाँच भी। Drain जितना ही ज़रूरी कारण पकड़ना है: पथरी, बंद bile duct या cholangitis से शुरू हुआ हो तो उसका इलाज भी करना पड़ेगा, वरना abscess फिर बन जाएगा।
खुला या दूरबीन से operation करके drain करना अब कम होता है — जहाँ त्वचा के रास्ते drain काम न करे, जहाँ कई खाने हों और catheter से खाली न हो, जहाँ पेट में फूट गया हो, या जहाँ मूल कारण के लिए operation ज़रूरी ही हो। Drain लगने के बाद भी बुख़ार बना रहे तो आम तौर पर drain गलत जगह है, थोड़ा pus बचा है — या निदान pyogenic abscess ही नहीं था।
Hydatid cyst का stage sonography पर तय होता है, और सिर्फ़ size नहीं बल्कि stage इलाज तय करता है। शुरुआती active cyst में कई बार सिर्फ़ albendazole। बीच के stage में PAIR — दवा के बचाव में सुई से की जाने वाली प्रक्रिया। जिसमें अंदर daughter cysts या ठोस पदार्थ हो, उसमें PAIR किया ही नहीं जाता। Inactive और calcium जमी cyst को छूना नहीं।
| Sonography stage | क्या दिखता है | स्थिति | क्या किया जाता है |
|---|---|---|---|
| CE1 | एक ही पानी वाली cyst, दोहरी दीवार | Active | छोटी हो तो सिर्फ़ albendazole; मध्यम size में PAIR |
| CE2 | कई खाने, अंदर daughter cysts | Active | PAIR नहीं। Operation, या ख़ास catheter तकनीक |
| CE3a | अंदर की membrane अलग होकर तैरती हुई | Transitional | छोटी हो तो albendazole; मध्यम size में PAIR |
| CE3b | ठोस पदार्थ के बीच daughter cysts | Transitional | PAIR नहीं। Operation |
| CE4 | मिश्रित ठोस पदार्थ, daughter cysts नहीं | Inactive | Sonography से नज़र रखना। इलाज नहीं |
| CE5 | ठोस cyst, दीवार पर calcium | Inactive | Sonography से नज़र रखना। इलाज नहीं |
Stage को नज़रअंदाज़ करने से दो गलतियाँ होती हैं, और दोनों टाली जा सकती हैं। संयोग से पकड़ी गई inactive calcium वाली cyst का operation करना यानी जिसे कुछ होने वाला ही नहीं था उस पर बेवजह operation। और daughter cysts से भरी cyst में PAIR करना technical गलती है — जो एक खाना ही नहीं है उसे सुई खाली नहीं कर सकती। जहाँ cyst तक सुरक्षित पहुँचा न जा सके या वह bile duct से जुड़ी हो, वहाँ भी PAIR टाला जाता है। Albendazole इसमें कोई साइड बात नहीं है — प्रक्रिया से पहले शुरू करके बाद में हफ़्तों-महीनों चलने वाली यही गोली रोग के दोबारा होने का जोखिम घटाती है।
Hydatid के operation में दो तरीक़े हैं। Conservative operation में cyst की अंदर की परत निकाली जाती है और liver की बाक़ी पेशी बचाई जाती है; radical operation में cyst पूरी दीवार के साथ, या liver का वह हिस्सा, निकाल दिया जाता है। Conservative हल्का है पर रोग दोबारा होने की संभावना ज़्यादा; radical में दोबारा होना कम पर operation बड़ा।
चुनाव इस पर निर्भर करता है कि cyst कहाँ है, कितनी बड़ी है, बड़े bile duct और नलियों से कितनी नज़दीक है, कितनी हैं, और मरीज़ कितना fit है। दोनों पहले से तय होते हैं, table पर नहीं, और पहले radiology तथा infectious diseases के साथ संयुक्त बैठक में चर्चा होती है। ऊपरी सतह की कुछ cyst में दूरबीन से भी हो सकता है। Operation के दौरान दो बातें सबसे अहम, और दोनों की तैयारी पहले से रखी जाती है:
Consent के समय जो तकलीफ़ें साफ़ बताई जाती हैं: bleeding; आसपास के अंगों में चोट — आँत, फेफड़ा, झिल्ली या gallbladder; infection का पेट या छाती में फैलना; पूरा न निकल पाना और दूसरी बार प्रक्रिया की ज़रूरत; cavity से bile रिसना; cyst के operation में तेज़ allergic reaction; रोग दोबारा होना; और बीमार मरीज़ में liver की किसी भी प्रक्रिया में जान का जोखिम। आपके लिए वह जोखिम कितना है, यह consent की बातचीत में लिखकर समझाया जाता है — webpage पर आम आँकड़े देकर नहीं।
बड़ी उम्र के — ख़ासकर पचास से ऊपर के — मरीज़ में pyogenic liver abscess का कोई कारण न मिले तो बड़ी आँत जाँची जाती है, आम तौर पर colonoscopy से। आँत की तकलीफ़ portal नली के रास्ते liver तक पहुँचना एक जाना-पहचाना कारण है, और वह पकड़ में आना abscess से ज़्यादा मायने रखता है। इस पन्ने की सबसे काम की बात यही है।
और यहीं सामान्य और गंभीर अलग होते हैं। Liver में बनने वाली ज़्यादातर गाँठें infection या parasite ही होती हैं, इससे ज़्यादा कुछ नहीं। लेकिन जिसका कारण न मिले, जो बार-बार हो, या जो abscess जैसा बर्ताव ही न करे — उसे दोबारा drain करने के बजाय दोबारा जाँचा जाता है, क्योंकि liver या bile duct की गाँठ और कहीं और से आई गाँठ, दोनों पहले scan पर abscess जैसी दिख सकती हैं। यह imaging से, इलाज पर प्रतिक्रिया से और ज़रूरत पड़े तो tissue से तय होता है।
एक और बात जानने लायक़ है। Diabetes वाले मरीज़ में एक ही abscess, culture में एक ही जीवाणु, और कारण न मिले — ऐसे में infection के दूसरी जगह फैलने का जोखिम रहता है, ख़ासकर आँख में और दिमाग़ की झिल्ली में। ऐसे मरीज़ को आँख की कोई भी तकलीफ़ हो तो उसी दिन आँख की जाँच कराएँ, क्योंकि रोशनी दिनों में जा सकती है। सिर दर्द, भ्रम या गर्दन अकड़ना — उतनी ही तत्काल बात है।
★★★★★
“I’ve had personal experience with Dr. Harsh Shah. He’s a very knowledgeable and experienced Gastro Surgeon. He’ll explain you all the symptoms patiently and suggest the best route possible at a reasonable cost. He also works towards educating society on the different diseases related to Liver and Pancreas.”
Brijesh Nandani · Google review
★★★★★
“Dr harsh sir is a good doctor for Liver, Gastro & Cancer Surgeon in Ahmedabad thanks sir.”
Milan Pareek · Google review
★★★★★
“We consulted Dr Harsh shah for my Husband as having cyst . surgery was done by Doctor very successfully. today we got discharged. our experience with sir was very good . he is very cooperative, explained about diagnosis very calmly. well Experienced, good Doctor . also thanks to Roshani maam for good cooperation. Thanks sir Dr Priyanka Prajapati”
Priyanka Prajapati · Google review
Dr Harsh Shah के दो Google listing पर आए असली reviews, जैसे लिखे गए वैसे।
पहली मुलाक़ात से आख़िरी follow-up sonography तक पाँच पड़ाव, और हर पड़ाव पर बताया जाता है कि आगे क्या होगा और कब।
Liver abscess की drainage और hydatid cyst का operation ज़्यादातर health insurance policy में शामिल है, और Apollo Hospital, Bhat पर cashless सुविधा है। जिसे सिर्फ़ गोली चलती है उसका ख़र्च और जिसे operation चाहिए उसका ख़र्च बिलकुल अलग श्रेणी में आता है।
ख़र्च किस बात से बदलता है: इलाज सिर्फ़ दवा है, त्वचा के रास्ते drain है, PAIR है या operation; operation conservative है या liver resection; ERCP भी करना पड़ता है या नहीं; room category; और admission कितने दिन का। Office pre-authorisation के काग़ज़ clinical कारण और imaging के साथ तैयार करता है, और policy में संभव हो तो admission से पहले cashless मंज़ूरी माँगता है। Policy के काग़ज़, ID, पुराने सारे records, imaging की CD के साथ film, और अभी चल रही दवाएँ साथ लाएँ।
यह रोग एक इंसान से दूसरे इंसान को नहीं लगता। Parasite कुत्ते के मल से दूषित खाने, पानी, हाथ या मिट्टी के रास्ते इंसान में जाता है, और बीच में भेड़-बकरी जैसे मवेशी होते हैं। इसलिए मरीज़ को अलग रखने की ज़रूरत नहीं; हाथ धोना, सब्ज़ी साफ़ करना और घर के कुत्ते को नियमित कृमि की दवा देना — पूरे घर के लिए यही काम का है।
लगभग नहीं। Cavity मरीज़ के ठीक होने के महीनों बाद तक धीरे-धीरे छोटी होती है। जिसे ठीक लगता है और जिसके blood reports normal हो गए हैं, उसमें छोटी होती cavity अपेक्षित तस्वीर है। दोबारा sonography कराने से ज़्यादा काम का है पुरानी report साथ लाकर तुलना कराना।
ज़रूरी नहीं। Sonography में inactive cyst दिखे — मिश्रित ठोस पदार्थ और daughter cysts के बिना, या दीवार पर calcium वाली ठोस cyst — तो सही इलाज सिर्फ़ बार-बार sonography से नज़र रखना है, इससे ज़्यादा कुछ नहीं।
PAIR यानी puncture, aspiration, injection और re-aspiration: imaging के मार्गदर्शन में cyst में सुई डालकर, खाली करके, दवा डालकर दोबारा खाली किया जाता है — albendazole के बचाव में। यह सही stage की एक-खाने वाली cyst के लिए अच्छा है। Daughter cysts से भरी या ठोस पदार्थ के बीच बैठी cyst इससे खाली नहीं होती।
क्योंकि बड़ी उम्र के मरीज़ में pyogenic liver abscess का कोई कारण न मिले तो आँत की तकलीफ़ का liver तक पहुँचना एक जाना-पहचाना और बार-बार छूट जाने वाला कारण है। वह पकड़ में आए तो इलाज abscess से बहुत ज़्यादा बदलता है। यह हर मरीज़ में नहीं — सिर्फ़ जहाँ कारण न मिला हो वहाँ किया जाता है।
Shah’s Gastro, Cancer & Robotic Surgery Centre
Gota, Ahmedabad, Gujarat
Google rating 4.89 from 216 reviews
Dr Harsh Shah अहमदाबाद–गांधीनगर क्षेत्र में दो जगह बैठते हैं: Gota, अहमदाबाद की clinic और Apollo Hospital, Bhat, गांधीनगर।
Liver abscess और hydatid disease के मरीज़ पूरे गुजरात से आते हैं — गांधीनगर, मेहसाणा, राजकोट, सूरत, वडोदरा, जामनगर, जूनागढ़ और कच्छ — और राजस्थान तथा मध्य प्रदेश के पशुपालन वाले ज़िलों से भी। Sonography और CT पहले WhatsApp पर भेज दें, जिससे मुलाक़ात का समय फ़ैसले पर लगे।
Sonography, contrast CT और जो blood reports हों, साथ लाएँ। इन्हीं से तय होता है कि गोली चलेगी, drain लगेगा, या operation। Call +91-63555-64601 · WhatsApp करें
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